सीबीआई ने एस्सेल ग्रुप के संस्थापक के खिलाफ केस दर्ज किया है, जिसमें कहा गया है कि कंपनी ने लिक हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड के साथ मिलकर ₹1322 करोड़ की गड़बड़ी की है। यह मामला 5 सितंबर 2026 को प्रकाशित हुआ है।
सीबीआई के अनुसार, एस्सेल ग्रुप के संस्थापक और अन्य प्रमुख व्यक्तियों पर यह आरोप है कि उन्होंने लिक हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड के साथ मिलकर वित्तीय धोखाधड़ी की है। यह केस 2026 के प्रारंभिक दिनों में दर्ज किया गया है।
इस गड़बड़ी के पीछे के कारणों और प्रक्रियाओं के बारे में अभी तक स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है। सीबीआई ने इस मामले की जांच के दौरान कुछ दस्तावेज़ और रिकॉर्ड एकत्रित किए हैं, परंतु अभी तक किसी भी आधिकारिक बयान में विस्तृत विवरण नहीं दिया गया है।
एस्सेल ग्रुप के संस्थापक पर यह आरोप है कि उन्होंने लिक हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड के साथ मिलकर वित्तीय लेनदेन में गड़बड़ी की है। इस गड़बड़ी के कारण कंपनी के निवेशकों और ग्राहकों को नुकसान हुआ है।
सीबीआई ने इस मामले में अन्य प्रमुख व्यक्तियों को भी शामिल किया है, जिन पर भी समान आरोप लगाए गए हैं। यह मामला अभी भी जांच के अधीन है, और सीबीआई ने कहा है कि वे सभी संबंधित दस्तावेज़ों और साक्ष्यों का विश्लेषण कर रहे हैं।
इस केस के खुलासे के बाद, एस्सेल ग्रुप के शेयरों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। निवेशकों और बाजार विश्लेषकों ने इस घटना पर चिंता जताई है।
सीबीआई ने यह भी कहा है कि वे इस मामले की पूरी जांच करेंगे और यदि आवश्यक हुआ तो कानूनी कार्रवाई करेंगे। इस मामले के आगे के विकास के लिए हमें अपडेट्स का इंतजार करना होगा।



